Winter In UP: 22 जिलों में कोहरे-सर्दी और भीषण शीतलहर का कहर जारी !! स्कूलों में छुट्टी का आदेश जारी
Severe Cold Wave Hits Uttar Pradesh: उत्तर प्रदेश में भीषण शीतलहर का असर जारी है। मौसम विभाग ने 22 जिलों में घने कोहरे और 15 जिलों में अत्यधिक सर्दी का रेड अलर्ट जारी किया है। मेरठ सबसे ठंडा जिला रहा। राजधानी लखनऊ समेत कई शहरों में दृश्यता शून्य हो गई और पछुआ हवाओं ने ठिठुरन बढ़ा दी।
Winter Alert: उत्तर प्रदेश में ठंड और कोहरे का कहर लगातार जारी है। मौसम विभाग ने आने वाले दिनों में प्रदेश के कई जिलों में घने कोहरे और अत्यधिक सर्दी का पूर्वानुमान जारी किया है। शुक्रवार को मेरठ सबसे ठंडा जिला रहा, जहां न्यूनतम तापमान 5.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। चुभती ठंड और पछुआ हवाओं से तराई और पूर्वांचल के जिलों में जनजीवन और यातायात दोनों प्रभावित हैं। राजधानी लखनऊ समेत प्रयागराज, वाराणसी, गोरखपुर, कुशीनगर, सहारनपुर, बलिया, मुरादाबाद, अलीगढ़ जैसे कई शहरों में सुबह घने कोहरे की वजह से दृश्यता शून्य तक पहुंच गई।

शीतलहर का असर और प्रदेशभर में हालात
उत्तर प्रदेश में इस समय शीतलहर का असर विशेष रूप से तराई और पूर्वांचल के जिलों में दिखाई दे रहा है। गलन भरी पछुआ हवाओं के कारण दिन का तापमान भी सामान्य से नीचे रहा और शीत दिवस के हालात बने। रात के समय तापमान में बड़ी गिरावट आई। वरिष्ठ वैज्ञानिक अतुल कुमार सिंह ने बताया कि पहाड़ों पर हुई बर्फबारी और वहां से आ रही हवाओं के कारण प्रदेश में ठंड बढ़ी है। उन्होंने कहा कि अगले चार दिनों तक ठंड और कोहरे का असर कमोबेश जारी रहेगा। दिन का तापमान अधिक नहीं घटेगा, लेकिन रात का पारा क्रमशः गिरता रहेगा।
सबसे ठंडे जिलों की स्थिति
शुक्रवार को मेरठ में न्यूनतम तापमान 5.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो पूरे प्रदेश में सबसे ठंडी रात साबित हुई। इसके अलावा राजधानी लखनऊ में दिन का तापमान 18.7 डिग्री सेल्सियस और रात का तापमान 10.8 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। राजधानी में सुबह कोहरे की मोटी चादर ने दृश्यता को शून्य तक गिरा दिया। दोपहर में हल्की धूप खिली, लेकिन पछुआ हवाओं की वजह से गलन भरी ठंड से राहत नहीं मिली।

कोहरे और अत्यधिक शीत दिवस वाले जिलों की सूची
मौसम विभाग ने शनिवार के लिए प्रदेश के 22 जिलों में घने कोहरे का रेड अलर्ट जारी किया है। इन जिलों में दृश्यता अत्यधिक कम होने की संभावना है। जिलों में शामिल हैं:
- देवरिया
- गोरखपुर
- संत कबीर नगर
- बस्ती
- कुशीनगर
- महाराजगंज
- सिद्धार्थनगर
- गोंडा
- बलरामपुर
- श्रावस्ती
- बहराइच
- टिहरी खीरी
- सीतापुर
- बाराबंकी
- अयोध्या
- अंबेडकर नगर
- सहारनपुर
- मुजफ्फरनगर
- बिजनौर
- मुरादाबाद
- रामपुर
- बरेली
- पीलीभीत
इसके अलावा 15 जिलों में अत्यंत शीत दिवस की संभावना है। इन जिलों में दिन के तापमान में सामान्य से 2 से 3 डिग्री की गिरावट और रात में और भी सर्दी देखने को मिलेगी।
पूर्वांचल और तराई में विशेष अलर्ट
पूर्वांचल और तराई के जिलों में गलन भरी हवाओं ने जनजीवन और कृषि कार्य प्रभावित किया है। ग्रामीण क्षेत्रों में सुबह और शाम के समय सड़कों पर लोग निकलने में कठिनाई महसूस कर रहे हैं। यातायात प्रभावित होने से वाहन चालकों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
- सड़क यातायात: दृश्यता कम होने से एक्सीडेंट की संभावना बढ़ गई।
- रेल यातायात: कुछ ट्रेनों में देरी की संभावना।
- हवाई सेवाएं: स्थानीय हवाईअड्डों पर फ्लाइट संचालन में अस्थायी बाधा।
राजधानी लखनऊ का हाल
लखनऊ में शुक्रवार को सुबह कोहरे की चादर छाई रही। दोपहर में हल्की धूप खिली, लेकिन पछुआ हवाओं के कारण गलन भरी ठंड ने ठिठुरन बढ़ा दी। अंचलिक मौसम विज्ञान केंद्र लखनऊ के वरिष्ठ वैज्ञानिक अतुल कुमार सिंह ने बताया कि पहाड़ों से आने वाली हवाओं के कारण राजधानी में ठंड में इजाफा हुआ है। उन्होंने कहा कि आने वाले दो दिनों में रात के तापमान में 2-3 डिग्री की गिरावट और दिन में हल्की कमी रहेगी। इस समय लोग गर्म कपड़ों, शॉल और कम्बल का इस्तेमाल कर खुद को ठंड से बचा रहे हैं।

अत्यधिक ठंड से सावधानी के उपाय
मौसम विभाग ने लोगों से विशेष सावधानी बरतने को कहा है कि सुबह-शाम यात्रा में सतर्क रहें, विशेषकर कोहरे में वाहन चलाते समय। बच्चों और बुजुर्गों को ठंड से बचाने के लिए गर्म कपड़े पहनाएं। बर्फीली हवाओं और कोहरे से प्रभावित जिलों में अनावश्यक बाहर न निकलें। गर्मी और ठंड के बीच भोजन और पेयजल का विशेष ध्यान रखें। मौसम विभाग की चेतावनी के अनुसार आने वाले दिनों में ठंड और कोहरे का असर लगातार रहेगा, इसलिए लोगों को सतर्क रहने की आवश्यकता है।
बर्फबारी और पछुआ हवाओं का असर
उत्तर प्रदेश में इस समय पहाड़ी क्षेत्रों में हुई बर्फबारी का असर साफ दिखाई दे रहा है। पहाड़ों से आ रही हवाओं ने प्रदेश के तराई और पूर्वांचल के जिलों में ठंड बढ़ा दी है। गलन भरी हवाओं के कारण दिन में भी तापमान अधिक नहीं बढ़ता और रातें बेहद ठंडी रहती हैं।
- पहाड़ी हवाओं का असर: गलन भरी और तेज हवाओं से शीत दिवस के हालात।
- प्रदेश के 22 जिलों में रेड अलर्ट: दृश्यता कम और सड़क यातायात प्रभावित।
- 15 जिलों में अत्यधिक ठंड: दिन और रात का तापमान सामान्य से काफी नीचे।
Original Source - Patrika Live News
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